Top
Home > राज्य > महाराष्ट्र > मुम्बई > महाराष्ट्र के इस जिले में पिछले विधानसभा चुनाव में नहीं खुला था बीजेपी का खाता

महाराष्ट्र के इस जिले में पिछले विधानसभा चुनाव में नहीं खुला था बीजेपी का खाता

288 सदस्‍यीय महाराष्‍ट्र विधानसभा में भाजपा के 122, शिवसेना के 63, कांग्रेस के 42 और एनसीपी के 41 सदस्‍य हैं. वर्तमान विधानसभा का कार्यकाल 9 नवंबर को खत्‍म होगा.

 Special Coverage News |  30 Sep 2019 6:23 AM GMT  |  दिल्ली

महाराष्ट्र के इस जिले में पिछले विधानसभा चुनाव में नहीं खुला था बीजेपी का खाता
x

महाराष्ट्र में 21 अक्टूबर को मतदान होना है. उस्मानाबाद जिले की चार विधानसभा सीटों को लेकर राजनीतिक दलों ने तैयारी शुरू कर दी है. बीते चुनाव में भाजपा, शिवसेना, एनसीपी और कांग्रेस ने अलग-अलग चुनाव लड़ा था. यहां बीजेपी एक भी सीट नहीं जीत पाई थी. वहीं, NCP के पास दो और शिवसेना और कांग्रेस के पास एक-एक सीट है.

उस्मानाबाद अपने पिछले सांसद की वजह से काफी सुर्खियों में रहा था. मार्च 2017 में एक हवाई यात्रा के दौरान सांसद ने एअर इंडिया के स्टाफ को 25 चप्पल मारी थीं, जिसके बाद उनके हवाई यात्रा करने पर बैन लगा दिया गया था. एयर इंडिया के स्टाफ को थप्पड़ मारने के आरोपी सांसद रवींद्र गायकवाड को टिकट देने की बजाए शिवसेना ने इस बार दिवंगत कांग्रेस नेता पवनराजे निंबालकर के बेटे ओमराजे निंबालकर को उम्मीदवार बनाया था. बता दें कि 288 सदस्‍यीय महाराष्‍ट्र विधानसभा में भाजपा के 122, शिवसेना के 63, कांग्रेस के 42 और एनसीपी के 41 सदस्‍य हैं. वर्तमान विधानसभा का कार्यकाल 9 नवंबर को खत्‍म होगा.

ओमेरगा (SC)- इस सीट पर वोटरों की संख्या 283117 से अधिक है. इस रिजर्व सीट से शिवसेना के धोंदीराम ने जीत दर्ज की थी. कांग्रेस यहां दूसरे स्थान पर थी. 2014 में 14 प्रत्याशी मैदान में उतरे थे और कुल वोटिंग 57.57 फीसदी हुई थी.

तुलजापुर- यहां वोटरों की संख्या 331310 से अधिक है. पिछले विधानसभा चुनाव में इस सीट पर कांग्रेस ने परचम लहराया था. कांग्रेस के मधुकरराव ने शिवसेना के विश्वनाथनराव को मात दी थी. 2014 में यहां से 14 प्रत्याशी मैदान में थे और कुल वोटिंग 65.62 फीसदी हुई थी.

उस्मानाबाद- इस सीट पर वोटरों की संख्या 327533 से अधिक है. यहां से एनसीपी के राणा जगजीत पाटिल ने जीत दर्ज की थी. उनकी सीधी टक्कर शिवसेना के ओमप्रकाश से थी. 2014 में इस सीट से 21 उम्मीदवार किस्मत आजमा रहे थे और कुल वोटिंग 66.09 फीसदी हुई थी.

परांदा- यहां वोटरों की संख्या 294998 से अधिक है. बीते चुनाव में एनसीपी के मोटे राहुल महारुद्रा ने शिवसेना के उम्मीदवार को पटखनी दी थी. इस सीट पर बीजेपी छठे नंबर पर थी. 2014 में 11 प्रत्याशी मैदान में थे और कुल वोटिंग 66.82 फीसदी हुई थी.

Tags:    
स्पेशल कवरेज न्यूज़ से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें न्यूज़ ऐप और फेसबुक पर ज्वॉइन करें, ट्विटर, Telegram पर फॉलो करे...
Next Story
Share it