Home > पाक कलाकारों का बहिष्कार कर देना आतंकवाद का हल नहीं : करण जौहर

पाक कलाकारों का बहिष्कार कर देना आतंकवाद का हल नहीं : करण जौहर

 Special Coverage News |  2016-09-25 09:26:35.0  |  New Delhi

पाक कलाकारों का बहिष्कार कर देना आतंकवाद का हल नहीं : करण जौहर

मुम्बई : उरी हमले के बाद बॉलीवुड में पाकिस्तानी कलाकारों को बैन करने की मांग को लेकर फ़िल्म निर्माता और निर्देशक करण जौहर का कहना है कि उरी में हुए आतंकी हमले में गई जानों के लिए उनका दिल भी रोता है और वह देश का गुस्सा समझते हैं लेकिन पाकिस्तान के कलाकारों का बहिष्कार कर देना आतंकवाद का हल नहीं है।

करण जौहर ने एक न्यूज चैनल को बताया, 'मैं हमारे आसपास के गुस्से को समझता हूं और इसके साथ सहानुभूति रखता हूं। गंवाई गई जिंदगियों के लिए मेरा दिल रोता है। कोई भी चीज आतंक के इस भयावह अनुभव को सही नहीं ठहरा सकती। फिर आपका सामना इस किस्म की स्थिति :पाक कलाकारों पर प्रतिबंध लगाने के लिए कहने: से होता है। यदि यह वाकई हल होता तो यह कदम उठाया जा चुका होता।'

करण ने कहा कि इस बारे में सार्वजनिक तौर पर बोलने के दौरान वह 'कमजोर' महसूस करते हैं। उन्होंने कहा, 'ऐसा कहते हुए भी मैं खुद को कमजोर और डरा हुआ महसूस करता हूं। मैं दर्द और गुस्से को पूरी तरह महसूस करता हूं। अगर मेरी फिल्म को इसकी वजह से निशाना बनाया जाता है तो यह मुझे बेहद दुखी कर देगी क्योंकि मेरा इरादा प्यार से एक चीज लेकर आने का था, कुछ और नहीं।'

जब करण से पूछा गया कि वे इस तरह की धमकियों से कैसे निपटेंगे, तो उन्होंने कहा, 'मैं नहीं जानता। मैं हर किसी से अनुरोध करता हूं कि इसे व्यापक तौर पर देखें और स्थिति को समझें। यह एक व्यापक स्थिति है और इसका लेना-देना हुनर को प्रतिबंध करने से नहीं है। इसे एक बड़े नजरिए से देखें और जवाब ढूंढें।' करण ने कहा कि कई बार रचनात्मक लोग इतना ज्यादा निराश महसूस करते हैं कि वे सिर्फ हाथ जोड़कर यही कहना चाहते हैं, 'हमें अकेला छोड़ दीजिए।'

Tags:    
Share it
Top