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बनारस से लेकर सोमनाथ तक मांगी मोदी ने दुआ, क्या मिलेगा आशीर्वाद?

 शिव कुमार मिश्र |  2017-03-08T16:41:25+05:30  |  New Delhi

बनारस से लेकर सोमनाथ तक मांगी मोदी ने दुआ, क्या मिलेगा आशीर्वाद?

लखनऊ: प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी काशी से सोमनाथ तक मन्नत मांगते नजर आ रहे हैं। अंतिम चरण के चुनाव प्रचार के दौरान बनारस में डेरा जमाने वाले पीएम ने भाजपा की जीत के लिए हर संभव प्रयास किया है। वह जनता के बाद अब देवी-देवताओं की चौखट पर दस्तक दे रहे हैं। उन्होंने पार्टी के पक्ष में वोटरों की लामबंदी के लिए धार्मिक नगरी काशी के हरेक मठ, मंदिर और आश्रमों के सहारे भावनात्मक कार्ड खेला। लेकिन हरेक जतन के बाद भी पीएम मोदी की मुराद पूरी होगी या नहीं यह 11 मार्च की मतगणना के नतीजे बताएंगे।


वैसे तो पूरे चुनाव में भाजपा फोर एम फैक्टर यानी, मंदिर, मन्नत, मतदाता और मोदी की बैसाखी पर दिखाई दी, लेकिन पूर्वांचल आते-आते इसकी झलक साफ दिखाई दी। पीएम नरेन्द्र मोदी को राजनीति का धुरंधर खिलाड़ी माना जाता है। भाजपा में वन मैन शो के लिए वरिष्ठï नेताओं को हाशिए पर पहुंचाने में उन्होंने अपने प्रधानमंत्री बनने के बाद तनिक भी देर नहीं लगाई थी। लालकृष्ण आडवाणी, मुरली मनोहर जोशी जैसेभाजपा के दिग्गजों को अज्ञातवास में भेज दिया।


यही वजह है कि आज देश में भाजपा नहीं बल्कि मोदी की सरकार कहा जाता है। उत्तर प्रदेश में बीजेपी की जीत के लिए वह संजीदा दिखाई दिए। यूपी में परिवर्तन और चुनावी जनसभा को जोडक़र करीब 50 के आसपास रैलियों को मोदी ने संबोधित किया। अपने संसदीय क्षेत्र वाराणसी में विजय श्री हासिल करने के लिए अपनी पूरी ताकत और कौशल लगा दिया।



मठ, मंदिर और आश्रमों की चौखट पर दस्तक देकर उन्होंने भावनात्मक कार्ड खेला और भाजपा के पक्ष में लामबंदी करने के भरपूर प्रयास किये गए। ये तमाम कोशिश पीएम मोदी की कमजोरी थी या काशी में बड़ी जीत का प्रयास इसका पता तो मतगणना के नतीजे बताएंगे लेकिन मतदाता, मंदिर, मन्नत और मोदी की झलकियां यूपी चुनाव में खासकर पूर्वांचल के रण में साफ दिखाई दी। मोदी ने काशी में बाबा विश्वनाथ के बाद आज सोमनाथ के दर्शन किए और मन्नत मांगी।


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