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पूर्व पीएम चंद्रशेखर ने जब पाक पीएम नबाज शरीफ को डांट दिया फोन पर

 Special News Coverage |  25 April 2016 3:01 AM GMT

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1992 में जब चंद्रशेखर भारत के प्रधानमंत्री बने जो उन्होंने एस के मिश्रा को अपना प्रधान सचिव बनाया। उस समय मिस्रा अमरीका में थे। उनकी ग़ैर मौजूदगी में ही उनकी नियुक्ति के आदेश जारी हो गए।


जब वो चंद्रशेखर से मिलने गए तो उन्होंने कहा, ''मैंने तुमसे संपर्क करने की बहुत कोशिश की लेकिन तुम मिले नहीं। मैंने कहा कि आदेश जारी किए जाएं। मैं तुम्हें मना लूँगा।''

एस के मिश्रा याद करते हैं कि चंद्रशेखर को वो सम्मान नहीं मिला जिसके कि वो हक़दार थे। एक बार गुलमर्ग में कुछ स्वीडिश इंजीनयरों का अपहरण कर लिया गया। स्वीडन के राजदूत चंद्रशेखर से मिलने आए।


उन्होंने कहा, चलो नवाज़ शरीफ़ से बात करते हैं। फ़ोन पर उनके पहले शब्द थे, ''भाई जान, वहाँ बैठे-बैठे क्या बदमाशी करा रहे हो?'' इस पर नवाज़ शरीफ़ बोले कि इससे हमारा कोई वास्ता तो है नहीं। उनको तो मिलिटेंट्स ने पकड़ लिया। इस पर चंद्रशेखर ने कहा, ''असलियत हमें मालूम है। असलियत आपको भी मालूम है। मुझे प्रेस में जाना नहीं है। मानवता के नाते ये इंजीनियर कल सुबह तक छूट जाने चाहिए और मुझे कुछ सुनना नहीं है।'' एस के मिश्रा कहते हैं कि अगले ही दिन ये इंजीनियर रिहा कर दिए गए।

इसके बाद एसके मिश्रा संघ लोक सेवा आयोग के सदस्य बने। उनका कहना है कि उन्हें पंद्रह मिनट में ही अंदाज़ा लग जाता था कि सिविल सर्विस के उम्मीदवार में दम है या नहीं।



एक बार जालंधर की एक लड़की सिविल सर्विस का इंटरव्यू देने आई। उससे बाकी सदस्यों नें छह सवाल पूछे। वो किसी भी सवाल का जवाब नहीं दे पाई। जब एसके मिश्रा की बारी आई तो उन्होंने कहा, ''तुमने अपने सीवी में लिखा है कि तुम डिबेटर हो। मैं एक प्रीपोसीशन रखता हूँ। तले हुए अंडे ऑमलेट से बेहतर होते हैं। इस पर बहस करो।''


लड़की ने कहा कि मुझे सोचने के लिए क्या दो मिनट का समय दिया जा सकता है। उन्होंने कहा ठीक है। उसके बाद लड़की ने उस विषय पर बेहतरीन भाषण दिया। इसके बाद एसके मिश्रा ने कहा कि अब मोशन के खिलाफ़ बोलो. उसने फिर बहुत अच्छा बोला।


एस के मिश्रा ने उस लड़की को 80 फ़ीसदी अंक दिए। उनके साथियों ने कहा कि उसने किसी भी सवाल का जवाब नहीं दिया। तब भी आप उसे इतने अंक दे रहे हैं। मिस्रा का जवाब था, ''मैंने उससे जो सवाल पूछा उसकी उम्मीद वो नहीं कर रही थी। उसने क्विक रिस्पॉन्स दिया। एक थिंकिंग अफ़सर में और क्या चाहिए?"
साभार बीबीसी

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