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बड़ी खबर: चिन्मयानन्द हो सकते है कभी भी गिरफ्तार

बड़ी खबर: चिन्मयानन्द हो सकते है कभी भी गिरफ्तार
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शाहजहांपुर: उत्‍तर प्रदेश के शाहजहांपुर में लॉ छात्रा के साथ रेप के मामले में पूर्व केंद्रीय मंत्री और बीजेपी नेता स्‍वामी चिन्‍मयानंद कभी भी अरेस्‍ट हो सकते हैं। यौन शोषण का आरोप लगाने वाली छात्रा की सुरक्षा और बढ़ा दी गई है और माना जा रहा है कि स्‍वामी चिन्‍मयानंद की जल्द गिरफ्तारी हो सकती है। इस बीच रेप पीड़‍िता ने इस पूरे मामले की जांच कर रही एसआईटी की कार्यप्रणाली और चिन्‍मयानंद की बीमारी पर गंभीर सवाल उठाए हैं।

माना जा रहा है कि एसआईटी ने चिन्मयानंद के खिलाफ दर्ज मुकदमे में रेप की धारा बढ़ा दी है। हालांकि अभी इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। छात्रा का सोमवार को मैजिस्ट्रेट के सामने कलमबंद बयान दर्ज हुआ था। इसके बाद से रेप की धारा बढ़ने और गिरफ्तारी की चर्चाएं गर्म हैं। दरअसल, एसआईटी की 23 सितंबर को कोर्ट के सामने पेशी है। उसे कोर्ट के सामने अब तक हुई जांच और कार्रवाई की रिपोर्ट पेश करनी है।

इस बीच छात्रा ने एसआईटी की कार्य प्रणाली और चिन्‍मयानंद की बीमारी पर गंभीर सवाल उठाए हैं। छात्रा ने मीडिया से बातचीत में कहा, 'मैं एसआईटी से पूछना चाहती हूं कि 164 के बयान के बाद भी क्‍यों स्‍वामी चिन्‍मयानंद को अरेस्‍ट नहीं किया गया है। अब एसआईटी किस चीज का इंतजार कर रही है। हमें सूचना भी नहीं दी जा रही है। चिन्‍मयानंद बच्‍चा बन रहा है। बच्‍चे को स्‍कूल नहीं जाना होता है, उसको जेल नहीं जाना है। बच्‍चा बनकर लेट गया है। जब कहीं नहीं जाना होता तो यही बीमारी का बहाना करता था।'

मंगलवार को फिर बीमार पड़े चिन्‍मयानंद

बता दें कि पूर्व केंद्रीय मंत्री की तबीयत बिगड़ने की खबर सामने आ रही है। सोमवार शाम चिन्मयानंद को स्वास्थ्य संबंधित शिकायत होने के बाद उनके घर पर ही चिकित्सकीय निगरानी में रखा गया है। देर शाम तबीयत खराब होने की शिकायत करने के बाद चिकित्सकों के एक दल ने चिन्मयानंद की मेडिकल जांच की है। मंगलवार को एक बार फिर चिन्‍मयानंद की हालत बिगड़ गई। चिन्‍मयानंद का बीपी और शूगर लेवल लो हो गया। उन्‍हें लूज मोशन भी हो रहा है। डॉक्‍टरों की टीम उनका इलाज कर रही है।

सूत्रों ने बताया एसआईटी की टीम चिन्‍मयानंद को अरेस्‍ट करना चाहती थी लेकिन तबीयत खराब होने के बाद उसने अपना इरादा बदल दिया। इससे पहले सोमवार को सुबह करीब 10 बजे शाहजहांपुर पुलिस की कड़ी सुरक्षा में एसआईटी लॉ छात्रा को लेकर जिला कोर्ट पहुंची। छात्रा का बयान कलमबंद कराने के लिए एसआईटी ने उसे जूडिशल मैजिस्ट्रेट गीतिका सिंह की कोर्ट में पेश किया। करीब पांच घंटे तक चली बयान दर्ज कराने की कार्यवाही के बाद छात्रा पौने दो बजे कोर्ट से बाहर आई।

चार साथियों से भी की गई पूछताछ

एसआईटी ने सोमवार को छात्रा के चार साथियों से फिर से पूछताछ की। छात्रा के दोस्तों के अलावा एसआईटी ने कॉलेज के कुछ स्टाफ को भी पूछताछ के लिए बुलाया। एसआईटी ने छात्रा के दोस्तों से एक्सटार्शन की रकम मांगे जाने, उससे जुड़े वायरल विडियो के बारे में गहन पूछताछ की। जानकारों का कहना है कि धारा 164 के तहत दिया गया बयान बहुत महत्वपूर्ण होता है। इसमें आरोप लगने पर मुलजिम पर फौरन कार्रवाई मुमकिन है।

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