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युवाओं की बेरोज़गारी पर जवाब दे नीतीश कुमार और नरेंद्र मोदी - तेजस्वी यादव

अर्थव्यवस्था तब से आज तक अपने सबसे बुरे दौर से गुजर रही है और मोदी सरकार जीडीपी के झूठे आंकड़े पेश कर देश व युवाओं को दिग्भ्रमित कर रही है।

 Special Coverage News |  11 Feb 2019 8:37 AM GMT  |  पटना

युवाओं की बेरोज़गारी पर जवाब दे नीतीश कुमार और नरेंद्र मोदी - तेजस्वी यादव

बिहार के पूर्व डिप्टी सीएम और राजद के युवा नेता तेजस्वी यादव ने केंद्र की नरेंद्र मोदी और बिहार की नीतीश कुमार सरकार पर रोजगार को लेकर एक बाद हमला बोला है। आपने रोजगार का वादा किया वो किधर पूरा किया है जबाब दो?


तेजस्वी ने कहा कि मोदी सरकार यह वादा करते हुए सत्ता में आई थी कि वह हर वर्ष युवाओं के लिए 2 करोड़ नौकरी अर्थात् पाँच वर्षों में 10 करोड़ नौकरियाँ प्रदान करेगी किंतु उसके एक छोटे अंश को भी पूरा करने में वह पूरी तरह से नाकाम रही है। बिहार के मुख्यमंत्री रोज़गार सृजन में ज़ीरो है बल्कि सृजन के नाम पर उन्होंने तीन हज़ार करोड़ का सृजन घोटाला कर दिया। नीतीश कुमार और नरेंद्र मोदी की विफलता के चलते युवाओं में भारी आक्रोश है।

* युवाओं के लिए रोजगार सृजन ना होने के कारण देश में असंतोष और अराजकता का माहौल है। सभी विभागों में लाखों रिक्तियाँ है लेकिन कोई नियुक्तियाँ नहीं।

* बेरोजगारी के कारण युवा मॉब लिंचिंग, साम्प्रदायिकता, अपराध और दूसरे तरह के अनुपयोगी व असामाजिक कार्यों में लिप्त हो रहे हैं।

* एनएसएसओ के रिपोर्ट को सरकार ने जानबूझकर दबाया जिसके खुलासे से देश को यह जानकारी मिली कि पिछले 45 सालों में आज देश में रोजगार की सबसे भयावह स्थिति है।

* एक अन्य रिपोर्ट अर्थात CMIE के अनुसार असंगठित क्षेत्र से पिछले एक साल में ही कुल 1 करोड़ 10 लाख के लगभग नौकरियां लोगों से छीन गई हैं।

* नोटबंदी के कारण असंगठित क्षेत्र और संगठित क्षेत्र दोनों पर भारी दबाव बना और कई लोगों ने अपनी रोज़गार व बेहतर आर्थिक स्थिति गंवा दी जिससे आज तक वे लोग और देश उबर नहीं पाया है।

* अर्थव्यवस्था तब से आज तक अपने सबसे बुरे दौर से गुजर रही है और मोदी सरकार जीडीपी के झूठे आंकड़े पेश कर देश व युवाओं को दिग्भ्रमित कर रही है।

* सरकार रोजगार के अवसर उत्पन्न करने में पूरी तरह से नाकाम रही है और उसका खामियाजा देश के मानव संसाधन, अर्थव्यवस्था, विदेशी मुद्रा भंडार, आंतरिक शांति व्यवस्था, और देश की रक्षा की स्थिति पर सीधे तौर पर पड़ रहा है।

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