Top
Home > राज्य > दिल्ली > केरल में भारी बारिश और भूस्खलन से मची तबाही, 18 की मौत और हजारों बेघर राहत और बचाव कार्य जारी

केरल में भारी बारिश और भूस्खलन से मची तबाही, 18 की मौत और हजारों बेघर राहत और बचाव कार्य जारी

केरल में बरसात से और भूस्खलन से भारी तबाही मची हुई है. प्रदेश सरकार ने पड़ोसी राज्यों और सेना से मदद मांगी है.

 Special Coverage News |  9 Aug 2018 10:51 AM GMT  |  केरल

केरल में भारी बारिश और भूस्खलन से मची तबाही, 18 की मौत और हजारों बेघर राहत और बचाव कार्य जारी
x

केरल में सुबह से भारी बारिश भूस्खलन की कई जिलों में हुई घटना में कम से कम 20 लोगों की मौत हो गई. आपदा नियंत्रण कक्ष के सूत्रों के अनुसार, इडुक्की में भूस्खलन में 10, मलप्पुरम में पांच, कन्नूर में दो और वायनाड जिले में एक व्यक्ति की मौत हो गई. वायनाड, पलक्कड ओर कोझिकोड जिलों में एक-एक व्यक्ति लापता हैं.

इडुक्की के अडीमाली शहर में एक ही परिवार के पांच लोगों की मौत हो गई. पुलिस तथा स्थानीय लोगों ने मलबे से दो लोगों को जिंदा बाहर निकाला. इदामालयर बांध से आज सुबह करीब 600 क्यूसेक पानी छोड़ा गया जिससे जल स्तर 169.95 मीटर पर पहुंच गया. इडुक्की बांध में आज सुबह आठ बजे तक जल स्तर 2,398 फीट था जो जलाशय के पूर्ण स्तर के मुकाबले 50 फीट अधिक था. प्रशासन को हाई अलर्ट पर रखा गया है. वहीं मदद के लिए बेंगलुरू से आर्मी सपोर्ट भेजा जा चुका है. इसके साथ ही चेन्नई से एनडीआरएफ की टीमें भी केरल के लिए रवाना हो गई हैं.


कोझिकोड और वायनाड जिलों में भारी बारिश और बाढ़ के कारण राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) का एक दल कोझिकोड पहुंच गया है. केंद्र से उत्तर केरल के लिए दो टीमें भेजने के लिए कहा गया है. बारिश के कारण इडुक्की, कोल्लम और कुछ अन्य जिलों में शैक्षिक संस्थानों में गुरुवार को छुट्टी घोषित की गई है.


इसके साथ ही पेरियार नदी में जलस्तर बढ़ जाने के कारण इसके अधिक पानी को छोड़ने के लिए इदमलयार बांध के चार फाटकों को गुरुवार सुबह खोल दिया गया. एर्णाकुलम जिला प्रशासन के अधिकारियों ने बताया कि पानी छोड़े जाने के कारण इन क्षेत्रों में परेशानी की आशंका को देखते हुए चोरिनक्कारा और कोमबनाद गांवों में राहत शिविर खोले गए हैं.


केरल राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के अधिकारियों ने बताया कि पेरियार नदी के तट पर रहने वाले लोग को घबराने की जरूरत नहीं है. बांध का फाटक सुबह पांच बजे, छह बजे और आठ बजे खोला गया. जल संग्रहण की अत्यधिक क्षमता तक जलस्तर के पहुंच जाने के बाद सभी फाटकों को एक मीटर खोल दिया गया.


अधिकारियों ने जलाशय में जलस्तर 168.20 मीटर चले जाने के बाद इदमलयार बांध पर कल रेड अलर्ट जारी किया गया था. अधिकारियों ने बताया कि 164 क्यूमेक्स (घन मीटर / सेकंड) पानी छोड़ा जा रहा है.

इसके साथ ही कोचीन अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डा लिमिटेड (सीआईएएल) ने पेरियार नदी में बढ़ रहे जलस्तर को देखते हुए हवाईअड्डा क्षेत्र के जलमग्न होने की आशंका के तहत यहां विमानों का उतरना रोक दिया है. सीआईएएल नदी के निकट स्थित है. सीआईएएल के ऐ प्रवक्ता ने कहा, 'ऐहतियाती कदम उठाते हुए हम दोपहर एक बजकर 10 मिनट के बाद विमानों का यहां उतरना बंद कर रहे हैं.'

इससे पहले हवाई अड्डे के निकट स्थित एक नहर का जलस्तर बढ़ने के बाद एर्नाकुलम जिला प्रशासन ने हवाई अड्डे की स्थिति की समीक्षा की. यह फैसला तब लिया गया है जब इदामलयार बांध के चार दरवाजों को अतिरिक्त पानी छोड़े जाने के लिए गुरुवार को सुबह खोल दिया गया. जांच-परख करने के लिए इडुक्की बांध का भी एक दरवाजा आंशिक तौर पर खोला गया है.

बांध के दरवाजों को खोलने की वजह से पेरियार नदी का जल स्तर बढ़ गया. पिछले कई दिनों से केरल के विभिन्न हिस्सों में भारी बारिश हो रही है जिससे राज्य के जलाशयों में अधिक मात्रा में पानी जमा हो रहा है.

मुख्यमंत्री पिनरई विजययन ने कहा है कि हमने सेना, नौसेना, कोस्ट गार्ड और एनडीआरएफ से मदद मांगी हैं. 3 टीमें आ गई हैं, 2 जल्द पहुंच जाएंगी इसके साथ 6 अन्य टीमें आएंगी. सीएम ने जानकारी दी कि नेहरू ट्रॉफी बोट रेस कैंसिल कर दी गई है.


Tags:    
स्पेशल कवरेज न्यूज़ से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें न्यूज़ ऐप और फेसबुक पर ज्वॉइन करें, ट्विटर पर फॉलो करे...
Next Story
Share it