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...जब दो महीने बाद कब्र से निकाली बौद्ध भिक्षु की डेड बॉडी, तो लोगों की आंखें फटी की फटी रह गईं

जब बौद्ध भक्तों ने अपने गुरु के शव को एक खास रस्म के लिए कब्र से बाहर निकाला तो वहां..

 Arun Mishra |  2018-01-23 11:50:36.0  |  दिल्ली

...जब दो महीने बाद कब्र से निकाली बौद्ध भिक्षु की डेड बॉडी, तो लोगों की आंखें फटी की फटी रह गईं

थाईलैंड : कभी-कभी ऐसी घटनाएं सामने आ जाती हैं जिन पर यकीन करना मुश्किल हो जाता है। इस खबर को पढ़ने के बाद शायद आप भी ऐसा ही सोचेंगे। जी हाँ, दरअसल थाईलैंड में जब बौद्ध भक्तों ने अपने गुरु के शव को एक खास रस्म के लिए कब्र से बाहर निकाला तो वहां उपस्थित सभी लोगों की आंखें फटी की फटी रह गईं।


जब बौद्ध भिक्षु के शरीर को कब्र से बाहर निकाला गया तो उनके शरीर पर कोई खास फर्क नहीं पड़ा था और हैरानी वाली बात ये थी, कि उनके चेहरे पर एक मुस्कान थी। उनके शव को देखकर ये कहना बहुत मुश्किल था कि वह किसी का शव है। उनकी मौत पिछले साल 16 नवंबर को हुई थी।

आपको बता दें कि बौद्ध भिक्षुओं के गुरु Luang Phor Pian की मौत 2 महीने पहले हुई थी, मृत्यु के वक्त वह 92 साल के थे। उनकी मृत्यु के बाद उन्हें उस मंदिर में दफनाया गया, जहां वे सेवा किया करते थे।

ख़बर की माने तो लुआंग के शरीर को 2 महीने बाद एक खास रस्म के लिए कब्र से निकाला गया था। लेकिन उनके चेहरे की मुस्कान देखकर लग रहा था कि वो खुशी से चैन की नींद में सो रहे हों।



एक्सपर्ट्स ने कहा कि भिक्षु के शव को देखकर यकीन करना मुश्किल है कि 2 महीने बाद भी उनका शरीर वैसा ही है, जैसा मृत्यु के समय था। हालांकि उनकी बॉडी की हालत जरूर कुछ बिगड़ी है। वही उनके भक्तों की माने तो उनके चेहरे पर मुस्कान इशारा कर रही है कि उन्हें मोक्ष मिल गया है।


जिस खास रस्म के लिए भिक्षु के शव को निकाला गया है, उसमें उनकी मौत हुए 100 दिन पूरे नहीं होंगे, तब तक मंदिर में रखकर प्रार्थना की जाएगी। 100वें दिन उन्हें हमेशा के लिए दफना दिया जाएगा।

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