Top
Home > Archived > पठानकोट हमला: पेट में लगी 6 गोलियां लगने के बाद भी आतंकियों से 1 घंटे तक लड़ता रहा ये बहादुर कमांडो

पठानकोट हमला: पेट में लगी 6 गोलियां लगने के बाद भी आतंकियों से 1 घंटे तक लड़ता रहा ये बहादुर कमांडो

 Special News Coverage |  8 Jan 2016 12:15 PM GMT

2016_1image_09_50_454496000-commandoshailb-b

अंबाला छावनी (रमिंद्र): पठानकोट एयरबेस में हुए हमले में आतंकवादियों से लोहा लेने वालों में अम्बाला का एक और रणबांकुरा भी जख्मी हुआ था। कमांडो शैलभ गौड़ उसी मोर्चे पर तैनात था जहां आतंकवादियों व एयरफोर्स के गरुड़ कमांडो के बीच आमने-सामने फायरिंग हो रही थी। इस दौरान छह गोलियां शैलभ के पेट में लगी जिससे वह घायल हो गया। शैलभ को अन्य सैनिकों की मदद से वहां से निकालकर मिलिट्री अस्पताल में भर्ती करवाया गया। पठानकोट हमला में पेट में लगी 6 गोलियां लगने के बाद भी आतंकियों से 1 घंटे तक लड़ता रहा ये बहादुर कमांडो को सलाम करते है।


शैलभ के घर पहुंचे विज
अब वह खतरे से बाहर है। इस मामले की सूचना मिलते ही वीरवार सुबह स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज कमांडो शैलभ के अम्बाला कैंट में निवास पर पहुंचे। इसके उपरांत डी.सी. अशोक सांगवान ने भी शैलभ के परिजनों से भेंट की और उन्हें प्रशासन की ओर से हर संभव सहयोग का आश्वासन दिया। गरुड़ कमांडो शैलभ गौड़ छावनी के दलीपगढ़ के नजदीक दिनेश नगर का निवासी है। मंत्री अनिल विज ने शैलभ की माता मंजुला गौड़ से उनकी सेहत का हाल जाना और उसके भाई वैभव के मोबाइल से शैलभ के साथ बातचीत भी की।

शैलभ की माता मंजुला व भाई वैभव गौड़ ने बताया कि शैलभ के सी.ओ. से शैलभ के गंभीर रूप से घायल होने की सूचना पाकर पठानकोट रवाना हो गए। शैलभ की हालत खतरे से बाहर बताई गई लेकिन अभी भी वह आई.सी.यू. में दाखिल है। चिकित्सकों ने बताया कि लगभग 10 दिन आई.सी.यू. के रखने के बाद सर्जीकल वार्ड में भेजा जा सकता है और उसकी आगामी चिकित्सा पठानकोट अथवा अम्बाला में की जा सकती है।

शहीद गुरसेवक के साथ संभाला था मोर्चा
शैलभ शहीद गुरसेवक के साथ ही मोर्चे पर तैनात था। पठानकोट एयरफोर्स स्टेशन में आतंकियों को ढूंढने के लिए चलाए जा रहे सर्च आॅपरेशन के दौरान गरुड़ कमांडो फ़ोर्स के गुरसेवक और शैलभ की नजर सबसे पहले झाड़ियो में छिपे आतंकियों पर पड़ी। उन्होंने आतंकियों को देखते ही फायर किए। आतंकियों ने भी फायरिंग शुरु कर दी। इसमें शैलभ को 6 गोलियां लगी। इसके बावजूद वे 1 घंटे तक आतंकियों से लड़ते रहे।

शैलभ के साथ खड़ी है हरियाणा सरकार- विज
मंत्री विज ने शैलभ के साहस की सराहना करते हुए मंजुला गौड़ को कहा कि इस वक्त वह उनके साथ खड़े हैं। विज ने पठानकोट आर्मी अस्पताल में फोन कर शैलभ की सेहत की पूरी जानकारी ली, बाद में उन्होंने ने मामले की जानकारी मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर को भी दी।

मॉडलिंग का शौक रखता है शैलभ
शैलभ के बड़े भाई वैभव ने बताया कि शैलभ को मॉडलिंग का शौक है। वह अपने स्कूल और कॉलेज के दिनों में मॉडलिंग किया करते थे।


स्रोत punjabkesari.in

Tags:    
स्पेशल कवरेज न्यूज़ से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें न्यूज़ ऐप और फेसबुक पर ज्वॉइन करें, ट्विटर पर फॉलो करे...
Next Story
Share it