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मुख्यमंत्री के भाई को ED ने दिल्ली किया तलब, जानें कहाँ का है मामला
जयपुर: राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के भाई अग्रसेन गहलोत को प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने फिर से फर्टिलाइजर स्कैम मामले में समन भेजा है. ये बीते एक महीने में दूसरी बार है जब अग्रसेन गहलोत को ईडी ने कथित फर्टिलाइजर स्कैम मामले में समन भेजा है. अग्रसेन गहलोत को दिल्ली में एजेंसी के सामने सोमवार (11 अक्टूबर) को 11 बजे पेश होने के लिए कहा गया है. इससे पहले 27 सितंबर को समन के बाद अग्रसेन गहलोत के ईडी के सामने दिल्ली में पेश हुए थे जहां उनसे सात घंटे तक पूछताछ की गई थी.
सूत्रों के मुताबिक अग्रसेन गहलोत ने 2007 से 2009 की अवधि के दौरान, बड़ी मात्रा में म्यूरेट ऑफ पोटाश (MoP) विदेशों में निर्यात करने की साजिश की थी जो कि भारतीय किसानों के लिए रियायती दर पर उपलब्ध कराई जानी थी. पिछले साल ईडी ने तलाशी के बाद कहा था कि म्यूरेट ऑफ पोटाश देश के गरीब किसानों के लिए बनाई गई थी. अग्रसेन गहलोत ने अपनी कंपनी अनुपम कृषि के जरिए सस्ते दाम पर एमओपी खरीदी और बाद में महंगे दाम पर मलेशिया और वियतनाम जैसे देशों को बेच दी.
कस्टम विभाग ने शुरुआत में चार्जशीट के आधार पर अग्रसेन गहलोत के खिलाफ केस दर्ज किया था. ईडी ने तीन कंपनियों और उनके मालिकों के खिलाफ मनी लॉन्ड्रिंग का केस दर्ज किया था जिसमें अशोक गहलोत के भाई अग्रसेन गहलोत का भी नाम था. बाद में अग्रसेन गहलोत से 60 करोड़ रुपये के जुर्माने की भी मांग की गई थी. पिछले साल, ईडी ने अग्रसेन गहलोत से जुड़ी कई जगहों पर तलाशी ली थी. ईडी ने तब उन्हें समन भी भेजा था लेकिन वह ईडी के सामने पेश नहीं हुए थे. ईडी ने राजस्थान व जोधपुर समेत 6 जगहों पर तलाशी ली थी. पश्चिम बंगाल में दो जगहों पर, गुजरात में चार व दिल्ली की भी एक जगह पर तलाशी ली गई थी.