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यमुना एक्सप्रेसवे प्राधिकरण की 67 वीं बोर्ड बैठक में लिए गए बड़े-बड़े फैसले

प्राधिकरण बोर्ड द्वारा लीज बैक के 75 प्रकरणों में नियमानुसार लीज बैक की कार्यवाही किये जाने का निर्णय लिया गया। तथा शिफ्टिंग के 88 प्रकरणों में में शासन स्तर से शिफ्टिंग पाॅलिसी आने पर ही कार्यवाही की जायेगी।

 Shiv Kumar Mishra |  29 Feb 2020 1:04 PM GMT  |  नोएडा

यमुना एक्सप्रेसवे प्राधिकरण की 67 वीं बोर्ड बैठक में लिए गए बड़े-बड़े फैसले
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नोएडा। आज यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण की 67वीं बोर्ड बैठक में कई बड़े व प्रमुख निर्णय लिए गए है।

प्राधिकरण के सीईओ डॉ.अरुण वीर सिंह ने आज बताया कि दिनांक 01.04.2018 से 31.01.2019 तक के वास्तविक के सापेक्ष 01.04.2019 से 31.01.2020 तक का वास्तविक तथा वित्तीय वर्ष 2019-20 हेतु पुनरीक्षित बजट के सापेक्ष वित्तीय वर्ष 2020-21 के प्रस्तावित बजट को प्रस्तुत किया गया है।

उन्होंने बताया कि वित्तीय वर्ष 2019-20 में दिनांक 31.01.2020 तक बैकों से रू0 400.00 करोड का ऋण प्राप्त किया गया जबकि रू0 504.00 करोड का ऋण वापस किया गया।

वर्ष 2020-21 के बजट में रू0 3891.88 करोड की प्राप्तियों का लक्ष्य रखा गया है। इसका मुख्य कारण, औद्योगिक,आवासीय, मिक्स लैण्ड यूज, संस्थागत, व्यवसायिक व अन्य सम्पत्तियों के विक्रय से प्राप्तियाॅ व अन्य राजस्व मद में होने वाले प्राप्तियों से है। इस वित्तीय वर्ष में रू0 1451.00करोड ऋण एवं अग्रिम के रूप में लेने का लक्ष्य रखा गया है, जिसमें वित्तीय संस्थानों से रू0 1350.00 करोड का ऋण लिया जाना सम्मिलित है। राजस्व प्राप्तियोों में वित्तीय वर्ष 2020-21 हेतु कुल राजस्व प्राप्तियों की मद में रू0 2440.86 करोड का लक्ष्य रखा गया है।

वित्तीय वर्ष 2020-21 के बजट में रू0 2119.62करोड का लक्ष्य परिसम्पत्तियों की किस्तों व विक्रय से रखा गया। उल्लेखनीय है कि जेवर एयरपोर्ट के कार्य की प्रगति तथा ईस्टर्न पेरिफेरल हेतु इंटरचेज बनने की प्रगति के कारण यमुना प्राधिकरण की परिसम्पत्तियों की मांग में बढोत्तरी हो रही है। साथ ही अन्य राजस्व प्राप्तियों में ब्याज, परिसम्पत्तियों पर देय शुल्क, लीज रेन्ट व प्रपत्रों की ब्रिकी मद में प्राप्तियाॅ शामिल है, जिसमें वित्तीय वर्ष 2020-21 में रू0 321.24करोड का लक्ष्य रखा गया है।

वित्तीय वर्ष 2020-21 के बजट में रू0 3889.48 करोड के भुगतान का लक्ष्य है। इसका मुख्य कारण भू-अधिग्रहण, विकास कार्यो, जेवर एयरपोर्ट में अंशदान व मल्टी मोडल कनेक्टिविटी कार्यो के निष्पादन करने के दृष्टिगत है। वित्तीय वर्ष 2020-21 में रू0 988.58करोड की राशि ऋण एवं अग्रिम मद में भुगतान करने का लक्ष्य रखा गया है, जिसमें विभिन्न बैंकों के ऋण के सापेक्ष रू0 587.58 करोड तथा नौएडा प्राधिकरण के ऋण के सापेक्ष रू0 300.00 करोड के ऋण के भुगतान सम्मिलित है।

वित्तीय वर्ष 2020-21 के बजट में राजस्व भुगतान हेतु रू0 2168.50करोड के भुगतान का लक्ष्य रखा गया है। अन्य राजस्व भुगतानों मे प्रशासनिक व्यय, कार्यालय व्यय, मरम्मत एण्ड अनुरक्षण व्यय, ऋणों पर ब्याज व मार्केटिंग एवं विज्ञापन मद शामिल है, जिसमें वित्तीय वर्ष 2020-21 में रू0 212.73करोड के भुगतान का लक्ष्य रखा गया है।

वित्तीय वर्ष 2020-21 के बजट में विकास एवं निमार्ण कार्य पर कुल रू0 1000.89 करोड के भुगतान का लक्ष्य रखा है। इसमे प्राधिकरण क्षेत्र के विभिन्न सैक्टरों मुख्यतः 18,20,29,32 व 33 के विकास कार्य, आवासीय भवनों के निर्माण कार्य तथा यमुना एक्सप्रेसवे से जेवर एयरपोर्ट को सडक द्वारा जोडने का निर्माण विशेष रूप से लक्षित है।

वित्तीय वर्ष 2020-21 के बजट में जेवर एयरपोर्ट हेतु पूंजीगत अंशदान के मद में रू0 430.00 करोड

का लक्ष्य रखा गया है। वित्तीय वर्ष 2020-21 के बजट में मेट्रो कनेक्टिविटी हेतु रू0 300.00 करोड का लक्ष्य रखा गया है। प्राधिकरण की धनराषि के विनियोेजन सम्बंधित नीति को बोर्ड द्वारा अनुमोदित किया गया। यह नीति वित्त मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा जारी शासनादेश दिनांक 02.03.2015 के क्रम में तैयार की गई है, जिसके अनुसार कम से कम 60 प्रतिषत धनराषि सरकारी बैंकों में ही जमा कराई जायेगी तथा अवषेश 40 प्रतिषत धनराषि निजी बैंको में जमा करवाई जा सकती है।

यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण द्वारा अपने लेखों का रखरखाव रोकड़ आधार पर रखा जा रहा था। उत्तर प्रदेश शासन एवं ऑडिट टीम द्वारा निर्देषित किया गया कि प्राधिकरण द्वारा अपने लेखों का रखरखाव उपार्जन पर तैयार किया जाए जिससे प्राधिकरण की वास्तविक वित्तीय स्थिति परिलक्षित हो सके।

उक्त के क्रम में प्राधिकरण द्वारा वित्तीय वर्ष 2005-06, 2006-07, 2007-08तक के लेखों को उपार्जन आधार पर अंतिम रूप देते हुए तुलन पत्र एवं आय-व्ययक तैयार किया गया है। एक मुश्त समाधान पाॅलिसी योजना प्राधिकरण में योजना लागू की जायेगी। यमुना एक्सपे्रसवे औ0 वि0 प्राधिकरण द्वारा नौएडा इन्टरनेशनल ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट की क्षेत्रीय कनेक्टिविटी को बेहतर करने हेतु मै0 राइट्स लि0 द्वारा प्रस्तुत मल्टी माॅडल अर्बन ट्रान्जिट की फिजिविल्टी स्टडा पर भी विचार विमर्ष किया गया तथा इस क्षेत्र में बेहतर केनेस्टिविटी हेतु विकल्प तलाषने पर जोर दिया गया।

नौएडा इन्टरनेशनल ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट के विस्तारीकरण, रनवे की संख्या 2 से बढाकर 4 या 6 करने हेतु चयनित आबद्ध किये जाने का निर्णय लिया गया। नौएडा इन्टरनेशनल ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट के अन्तर्गत आस पास के क्षेत्र में स्मार्ट सिटी/एयरपोर्ट सिटी साइड विकसित किये जाने का निर्णय लिया गया।

यमुना एक्सप्रेसवे औ0 वि0 प्राधिकरण द्वारा शीघ्र ही पैट्रोल पम्प, दुकान/आफिस/शोरूम, क्योस्क एवं होटल्स, आवासीय भूखण्ड आदि की नई योजनायें लाई जायेंगी।

प्राधिकरण द्वारा बी0एच0एस0-02/2013 एवं बी0एच0एस0-03/2014 योजनाओं के आवंटियों के हित में निर्णय लिया गया कि आवंटी यदि चाहें तो चैक लिस्ट जारी होने की तिथि से पूर्व रिफण्ड ले सकते हैं। इस क्रम में उनके द्वारा जमा सम्पूर्ण धनराशि 4 प्रतिशत साधारण ब्याज के साथ वापिस की जायेगी।

प्राधिकरण द्वारा शासन स्तर से जारी शून्य काल की पाॅलिसी को अंगीकृत किया गया। यह नीति केवल उन्हीं परियोजनाओं पर लागू होगी, जिनके द्वारा फ्लैट्स बायर्स के हितों को संरक्षित करने के उद्देष्य से जून, 2021 तक परियोजना पूर्ण करने का लिखित आश्वासन, शपथ पत्र सहित दिया जायेगा। साथ ही इस नीति में उपरोक्त संतुति के अतिरिक्त यह भी अंगीकृत किया जाना है कि उक्त नीति को टाॅउनशिप, वाणिज्यिक टाउनशिप पर लागू न मानते हुये मात्र रेजिडेंशियल ग्रुप हाउसिंग परियोजनाओं पर लागू किया जाये।

यमुना एक्सप्रेसवे प्राधिकरण में कार्यरक कर्मिकोंके वेतन से अंशदायी भविष्य निधि के मद से काटी गयी धनराशि को सुनियोजित रूप से संचालन करने हेतु ट्रस्ट का गठन किया गया है तथा यमुना एक्सप्रेसवे औ0 वि0 प्राधिकरण में कार्यरत कर्मिकों के लिए कर्मचारी एवं नियोक्ता का अंशदान शासनादेश के अनुसार (वेतन एवं मंहगाई भत्ते को जोड़ते हुए 12 प्रतिशत) दिये जाने का निर्णय लिया गया है।

यमुना एक्सप्रेसवे प्राधिकरण में सिविल, हाॅटिकल्चर व लैंडसिकेपिंग, विद्युत वर्क तथा ईएण्डएम के कार्यों हेतु डी0एस0आर0-2018 लागू किये जाने का निर्णय लिया गया। ऐसे कृषक जिनकी भूमि योजना की तिथि समाप्त होने की तिथि से पहले यमुना एक्सपे्रसवे अैा0 वि0 प्राधिकरण द्वारा अधिग्रहित/क्रय की गयी है, और निर्विवाद/अतिक्रमण मुक्त है, जिस पर प्राधिकरण द्वारा कब्जा कर लिया गया है तथा जिन काश्तकारों की भूमि का अधिग्रहण/क्रय नोएडा इन्टरनेशनल एयरपोर्ट परियोजना हेतु किया गया है, उन सभी कृषकों को 17.50 प्रतिषत कृशक आरक्षण का लाभ प्राधिकरण द्वारा भविष्य में लाई जाने वाली दुकानों/क्योस्क एवं आवासीय भूखण्ड योजनाओं में दिया जायेगा।

विभिन्न कृषक संगठनों की मांग पर प्राधिकरण द्वारा इस बात की सैद्धान्तिक सहमति प्रदान की गई है कि 7 प्रतिशत आबादी भूखण्ड आवंटित किये जाते समय कृषकों द्वारा इस मद में जमा की जाने वाली वांछित धनराशि के सापेक्ष उनको आवंटित किये जाने वाले 7 प्रतिशत आबादी प्लाट में से वांछित धनराषि के समतुल्य क्षेत्रफल को काटते हुये कृषक को निःशुुल्क आबादी प्लाट आवंटित किया जायेगा। इस सम्बंध में प्रस्ताव प्राप्त होने पर उनके निस्तारण हेतु एक समिति का भी गठन किया गया है।

प्राधिकरण के औद्योगिक सैक्टर-29 में प्राधिकरण द्वारा पूर्व में भी भूमि क्रय की गई है, अब विभिन्न औद्योगिक योजनाओं यथा एपैरल पार्क, एम0एस0एम0ई0 पार्क एवं हैण्डीक्राफ्ट पार्क के दृष्टिगतइस सैक्टर की अवषेश भूमि कृषकों से क्रय किये जाने का निर्णय लिया गया।

एल0एफ0डी0-1, नोएडा के उप पट्टाधारकों को अपने आवासीय भूखण्डों पर भवन निर्माण पूर्ण कर कार्यपूर्ति प्रमाण पत्र प्राप्त करने हेतु निर्धारित अंतिम तिथि दिनांक 31.03.2020 को आवंटियों की मांग पर अंतिम बार एक 1 वर्ष दिनांक 31.03.2021 तक बढाये जाने का निर्णय लिया गया है। दिनांक 31.03.2021 के बाद नौएडा प्राधिकरण की नीति के अनुसार आवंटियों द्वारा विलम्ब शुल्क देय होगा।

प्राधिकरण बोर्ड द्वारा लीज बैक के 75 प्रकरणों में नियमानुसार लीज बैक की कार्यवाही किये जाने का निर्णय लिया गया। तथा शिफ्टिंग के 88 प्रकरणों में में शासन स्तर से शिफ्टिंग पाॅलिसी आने पर ही कार्यवाही की जायेगी।

220/33 केवी उपकेन्द्र को उर्जीकृत करने के लिये पारेशण लाईन का निर्माण यू0पी0पी0टी0सी0एल0 विभाग द्वारा जमा मद योजना के तहत कराये जाने का निर्णय लिया गया।

प्राधिकरण के ग्रामों में स्वास्थ्य सेवायें प्रदान किये जाने हेतु उ0प्र0 स्वास्थ्य विभाग को सामुदायिक केन्द्र निर्माण एवं संचालन हेतु उ0प्र0 शासन द्वारा निर्धारित मानकों के अनुसार ग्राम उस्मानपुर के पास बालिका इन्टर काॅलेज हेतु एवं 3 नग स्वास्थ्य केन्द्र ग्राम उस्मानपुर, पारसौल व मिर्जापुर में बनाने हेतु भूमि निःशुल्क दिये जाने का निर्णय लिया गया।

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